कविता - नव वर्ष ©सरोज गुप्ता


आओ नव-वर्ष मनाएं हम ||


नई प्रेरणा नव उमंग से , 

नये जोश के नव तरंग से ,

देश-प्रेम के शुभ प्रसंग से , 

पुलकित मन कर जाएं हम |

आओ नव-वर्ष मनाएं हम ||


आस का दीपक , नेह की बाती , 

हर  घर  दीप  जलाओ  साथी , 

प्रेम के पुष्प , भाव की पाती , 

बंदनवार   लगाएं   हम  |

आओ नव-वर्ष मनाएं हम ||


दीन  दुखी  का  त्राण  लिए , 

मानव  का  कल्याण  लिए , 

निष्प्राणों  के  प्राण  लिए , 

दलितों के भाग्य जगाएं हम |

आओ नव-वर्ष मनाएं हम ||


आप सभी के लिए कामना , 

दुख का ना हो कभी सामना , 

मन  में  हो  उत्साह  भावना , 

देते  शुभ - कामनाएं  हम |

आओ नव-वर्ष मनाएं हम ||

©सरोज गुप्ता

टिप्पणियाँ

एक टिप्पणी भेजें

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

आञ्जनेय छंद - हनुमान वंदना ©रश्मि शुक्ल 'किरण'

वो दौर ©सूर्यम मिश्र

अक्सर भूल जाते हैं ©दीप्ति सिंह

लेखनी स्थापना दिवस के उपलक्ष्य मेँ काव्य पाठ एवम मिलन समारोह ©अंजलि